सीएम के वृन्दावन आगमन पर खादर पीड़ितों का प्रदर्शन, लगाया जाम

वृन्दावन, 08 अक्टूबर 2017,(VT) जिस समय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मानसी ध्यान केंद्र का उद्घाटन कर रहे थे, उसी समय आश्रम के पास यमुना खादर के पीड़ित सैकड़ों लोग प्रदर्शन कर रहे थे। बाद में पानीघाट चैराहे पर कुछ देर जाम भी लगाया। हालांकि सीएम ने आश्वासन दिया कि जिनके घर उजड़े हैं, उनके पुनर्वास की व्यवस्था प्रदेश सरकार करेगी। इसके लिए एनजीटी के साथ मिलकर कोई हल निकालने की कोशिश की जा रही है।
कृष्ण कृपाधाम के पास सैकड़ों पीड़ित मुख्यमंत्री से मुलाकात करने और उन्हें अपनी पीड़ा सुनाने के लिए सड़क किनारे खड़े थे। पुलिस ने इन्हें न तो आश्रम में प्रवेश करने दिया और न ही रास्ते में मुख्यमंत्री से मुलाकात करने का मौका दिया। इस पर इन लोगों ने गलियों में एकत्र होना शुरू कर दिया। प्रशासनिक अधिकारियों ने उनकी घेराबंदी करनी शुरू कर दी। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने के बाद सैकड़ों लोग गलियों में होकर आश्रम तक पहुंच गए। इस दौरान भारी पुलिस बल ने प्रदर्शन कर रहे लोगों पर काबू पा लिया, मगर, मुख्यमंत्री का काफिला गुजरते ही लोगों ने रालोद नेताओं के नेतृत्व में पानीघाट चैराहे पर रास्ता जाम कर दिया। जाम लगने तक आरएसएस प्रमुख भी आश्रम से निकल नहीं सके थे। सूचना मिलते ही पुलिस के आला अफसर मौके पर पहुंचे और लोगों को बमुश्किल समझा-बुझाकर करीब आधा घंटे बाद जाम खुलवाया। तब तक वाहनों की लंबी कतार पूरे परिक्रमा मार्ग में लग चुकी थी।
स्थानीय याचिकाकर्ता मधुमंगल शुक्ल द्वारा यमुना की खादर में हो रहे अवैध निर्माण के खिलाफ उच्च न्यायालय में याचिका दायर की गई थी। इसी पर सुनवाई करते हुए उच्च न्यायालय ने 2010 में करीब एक सैकड़ा निर्माणों को ध्वस्त करने के निर्देश विकास प्राधिकरण को दिए थे। कई वर्षों के बाद भी कोई कार्रवाई न होने और लगातार निर्माण होते रहने से नाराज हाईकोर्ट ने जिला प्रशासन को कड़ी चेतावनी जारी की थी। इस पर अमल करते हुए हाल में एक माह में तीन बार ध्वस्तीकरण अभियान चलाकर तीन दर्जन के आसपास निर्माण जमींदोज कर दिए गए।
जाम लगाने वालों पर होगा मुकदमा थाना कोतवाली प्रभारी डॉ. विनोद कुमार पायल ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम के दौरान प्रदर्शन करने की योजना बनाने और रास्ता जाम करने वालों की पहचान की जा रही है। उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर  कार्रवाई की जाएगी। DKS

एक उत्तर दें छोड़ दो

Your email address will not be published. Required fields are marked *